Saturday, 16 August 2014

* बिना लिबास आए थे इस जहां में, बस एक कफ़न की खातिर, इतना सफ़र करना पड़ा....!!!! * समय के एक तमाचे की देर है प्यारे, मेरी फ़क़ीरी भी क्या, तेरी बादशाही भी क्या....!!!! * जैसा भी हूं अच्छा या बुरा अपने लिये हूं, मै खुद को नही देखता औरो की नजर से....!!!! * मुलाकात जरुरी हैं, अगर रिश्ते निभाने हो, वरना लगा कर भूल जाने से पौधे भी सुख जाते हैं....!!!! * नींद आए या ना आए, चिराग बुझा दिया करो, यूँ रात भर किसी का जलना, हमसे देखा नहीं जाता....!!!! * मोबाइल चलाना जिसे सिखा रहा हूँ मैं, पहला शब्द लिखना उसने मुझे सिखाया था....!!!! * यहाँ हर किसी को, दरारों में झाकने की आदत है, दरवाजे खोल दो, कोई पूछने भी नहीं आएगा....!!!! * तू अचानक मिल गई तो कैसे पहचानुंगा मैं, ऐ खुशी.. तू अपनी एक तस्वीर भेज दे....!!!! * इसी लिए तो बच्चों पे नूर सा बरसता है, शरारतें करते हैं, साजिशें तो नहीं करते....!!!! * महँगी से महँगी घड़ी पहन कर देख ली, वक़्त फिर भी मेरे हिसाब से कभी ना चला ...!!" * युं ही हम दिल को साफ़ रखा करते थे .. पता नही था की, 'किमत चेहरों की होती है!!' * दो बातें इंसान को अपनों से दूर कर देती हैं, एक उसका 'अहम' और दूसरा उसका 'वहम'...... * पैसे से सुख कभी खरीदा नहीं जाता और दुःख का कोई खरीदार नहीं होता।" * मुझे जिंदगी का इतना तजुर्बा तो नहीं, पर सुना है सादगी में लोग जीने नहीं देते।